भारत-बेल्जियम संबंध: बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर और पीएम मोदी की द्विपक्षीय वार्ता, रक्षा और व्यापार पर बड़ा समझौता
प्रमुख बिंदु (Key Highlights):
उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता: बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने नई दिल्ली के हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर रणनीतिक साझेदारी को विस्तार दिया।
व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य: दोनों देशों ने अगले पांच वर्षों में आपसी द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का महत्वाकांक्षी रोडमैप तैयार किया है।
रक्षा और तकनीक में सहयोग: बेल्जियम के रक्षा मंत्री थियो फ्रैंकेन की मौजूदगी में रक्षा विनिर्माण, बंदरगाह विकास, हरित ऊर्जा और सेमीकंडक्टर क्षेत्र पर गहन चर्चा हुई।
हीरा कारोबार और मुंबई दौरा: बार्ट डी वेवर भारत दौरे के दूसरे चरण में मुंबई जाएंगे, जहां वे वैश्विक हीरा व्यापार, रसद (Logistics) और समुद्री बंदरगाहों से जुड़े प्रमुख उद्योगपतियों से बातचीत करेंगे।
नई दिल्ली:
यूरोपीय संघ (EU) के साथ भारत के मजबूत होते आर्थिक रिश्तों के बीच भारत-बेल्जियम संबंध (India Belgium Relations) में एक नया अध्याय जुड़ गया है। बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर 2 से 4 सितंबर तक भारत के अपने तीन दिवसीय आधिकारिक दौरे पर नई दिल्ली पहुंचे हैं। गुरुवार को राजधानी के हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पीएम बार्ट डी वेवर के बीच विस्तृत द्विपक्षीय वार्ता आयोजित की गई।
बैठक के दौरान दोनों देशों ने व्यापार, निवेश, रक्षा, लॉजिस्टिक्स, रिन्यूएबल एनर्जी और भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (India-EU FTA) को तेजी से आगे बढ़ाने पर सहमति जताई है।
इस उच्चस्तरीय बैठक और जारी किए गए आधिकारिक वक्तव्यों का पूरा विवरण आप Ministry of External Affairs (MEA) के आधिकारिक पोर्टल पर देख सकते हैं।
अगले 5 वर्षों में द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने का संकल्प (भारत-बेल्जियम संबंध)
हैदराबाद हाउस में हुई प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता में दोनों प्रधानमंत्रियों ने आर्थिक सहयोग को प्राथमिक एजेंडा बनाया:
कारोबारी लक्ष्य: दोनों पक्षों ने सहमति व्यक्त की कि वर्तमान आर्थिक संभावनाओं को देखते हुए भारत और बेल्जियम के बीच के द्विपक्षीय व्यापार को आगामी पांच वर्षों में दोगुना किया जाएगा।
India-EU FTA पर समर्थन: बेल्जियम ने भारत और यूरोपीय संघ के बीच लंबे समय से विचाराधीन फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) के शीघ्र और संतुलित समाधान के प्रति अपना मजबूत समर्थन दोहराया।
सीआईआई बिजनेस कॉन्क्लेव: बेल्जियम के प्रधानमंत्री ने भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के व्यापार मंच को भी संबोधित किया, जहां दोनों देशों के कॉरपोरेट लीडर्स के बीच संयुक्त उद्यम स्थापित करने पर चर्चा हुई।
रक्षा, बंदरगाह और क्लीन एनर्जी पर रणनीतिक जोर
इस दौरे पर पीएम डी वेवर के साथ बेल्जियम के रक्षा और विदेश व्यापार मंत्री थियो फ्रैंकेन भी भारत आए हैं। रक्षा वार्ता में साइबर सुरक्षा, समुद्री निगरानी और रक्षा उपकरणों के सह-उत्पादन को लेकर दोनों देशों ने अपनी प्रतिबद्धता जताई।
इसके अलावा, दुनिया के प्रमुख समुद्री और रसद केंद्रों में शामिल एंटवर्प बंदरगाह के अनुभव को साझा करते हुए भारत के सागरमाला प्रोजेक्ट और पोर्ट कनेक्टिविटी में सहयोग की संभावनाओं पर भी सहमति बनी। दोनों देशों ने ग्रीन हाइड्रोजन, सौर ऊर्जा और सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में वैज्ञानिक साझेदारी को आगे बढ़ाने का फैसला किया।
हीरा उद्योग की मजबूती और मुंबई में अहम बैठकें
भारत और बेल्जियम के आर्थिक इतिहास में ‘हीरा व्यापार’ सबसे अहम कड़ी रहा है। गुजरात के सूरत और बेल्जियम के एंटवर्प के बीच दुनिया के कच्चे और तराशे गए हीरों का विशाल कारोबार संचालित होता है।
दौरे के अंतिम चरण में बेल्जियम के प्रधानमंत्री शुक्रवार को मुंबई रवाना होंगे। वहां वे भारत डायमंड बोर्स (BDB) के प्रतिनिधियों और प्रमुख निर्यातकों से मिलेंगे ताकि दोनों देशों के रत्न एवं आभूषण उद्योग को वैश्विक सप्लाई चेन की अनिश्चितताओं से सुरक्षित रखा जा सके।
निष्कर्ष
फरवरी 2025 में कार्यभार संभालने के बाद प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर का यह पहला भारत दौरा है। यह यात्रा न केवल भारत और बेल्जियम के दशकों पुराने पारंपरिक रिश्तों को नई गति प्रदान करेगी, बल्कि भारत-यूरोपीय संघ की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को भी एक नया आयाम देगी।











